इनकम टैक्स क्या है,| इनकम टैक्स के प्रकार, |इनकम टैक्स विवरण,
इस पोस्ट पर आप को निम्न जानकारी प्राप्त होने वाली है, आय-कर किसे कहते है?( what is income-tax ) , आयकर की अर्थ क्या है ( what is meaning of income- tax ),
वित्त अधिनियम क्या है (what is financial act? ),
आय-कर की प्रमुख विशेषताए (main features of income -tax )?,
आय-कर पर अधिभार ( surcharge on income tax) क्या है?
वित्त अधिनियम क्या है (what is financial act? ),
आय-कर की प्रमुख विशेषताए (main features of income -tax )?,
आय-कर पर अधिभार ( surcharge on income tax) क्या है?
इत्यादि के बारे मे जानकारी प्राप्त होंगी,
ये सभी किसी भी एग्जाम हो सभी मे काम आएगी, खास कर यह बी. कोम के स्टूडेंट के लिए काफ़ी अधिक महत्वपूर्ण है,
ये सभी किसी भी एग्जाम हो सभी मे काम आएगी, खास कर यह बी. कोम के स्टूडेंट के लिए काफ़ी अधिक महत्वपूर्ण है,
क्योंकि यह बी. कोम के स्टूडेंट को देखते हुए बनाया गया है, बी. कॉम मे आय -कर (Income -tax ) के एक किताब भी है, इसी किताब से एक चैप्टर को आज बताने जा रहे है,
आयकर की अर्थ ( meaning of income- tax ) :-
आयकर शब्द दो शब्दों से मिलकर बना है, जिनमे से पहला शब्द है " आय " और दूसरा शब्द है " कर ",
अर्थात आय पर लगने वाला कर,इन दोनों शब्दों मे से पहला शब्द है " आय " जिनका अर्थ होता है एक कर्मचारी द्वारा किसी नियोंक्ता के यहां कार्य करने पर जो परिश्रमीक प्राप्त होती है उसे आय कहते हैं,
और दूसरा शब्द है " कर ", अर्थात कर का अर्थ होता है, जो आय कर्मचारी को प्राप्त होता है उस पर लगने वाला कर,
आयकर एक प्रत्यक्ष वार्षिक कर है,
जो किसी व्यक्ति द्वारा गत वर्ष में अर्जित या प्राप्त शुद्ध कर योग्य आय पर चालू कर निर्धारण वर्ष मे निर्धारित आय कर की दरों से गणना करके केंद्रीय सरकार द्वारा वसूला किया जाता है,
यह केंद्र सरकार की आय का प्रमुख साधन है जो भारतीय राजस्व से आय कर का महत्वपूर्ण स्थान है,
जो किसी व्यक्ति द्वारा गत वर्ष में अर्जित या प्राप्त शुद्ध कर योग्य आय पर चालू कर निर्धारण वर्ष मे निर्धारित आय कर की दरों से गणना करके केंद्रीय सरकार द्वारा वसूला किया जाता है,
यह केंद्र सरकार की आय का प्रमुख साधन है जो भारतीय राजस्व से आय कर का महत्वपूर्ण स्थान है,
आयकर विभाग ( income -tax department ) :-
एक करदाता की कर योग्य आय उस पर कर की गणना करना एवं उस की राशि को वसूल करने का कार्य एक पृथक विभाग द्वारा किया जाता है ,जिसे आयकर विभाग कहते हैं, इस आयकर विभाग का नियंत्रण सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्स( central board of direct tax ) द्वारा किया जाता है,
वित्त अधिनियम (financial act ) :-
सामान्यतः हर वर्ष फरवरी में अंतिम सप्ताह के संसद में एक बिल प्रस्तुत किया जाता है जिसे वित्त विधेयक आते हैं,
और जब यह पास हो जाता है तो उस वित्त अधिनियम कहा जाता है,
इस अधिनियम में प्रत्येक वर्ष संबंधित कर निर्धारण वर्ष के लिए आय कर की दरो का उल्लेख रहता है,
वित्त अधिनियम कहा जाता है,
इस अधिनियम में प्रत्येक वर्ष संबंधित कर निर्धारण वर्ष के लिए आय कर की दरो का उल्लेख रहता है,
वित्त अधिनियम कहा जाता है,
आय-कर की प्रमुख विशेषताए (main features of income -tax ) :-
अभी तक आपने जान चुके है की आय कर क्या है, परन्तु इन्हे जानना ही काफ़ी नहीं है, इसलिए आइये जानते है की आय कर कुछ प्रमुख विशेषता क्या है :-
आय-कर की प्रमुख विशेषताए निम्नलिखित है (main features of income -tax ) :-
1.आय कर एक प्रत्यक्ष कर ( income tax is a Direct Tax ):-
आय कर एक प्रत्यक्ष कर से अभिप्राय यह है की जब कोई कर किसी व्यक्ति पर लगाया जाता है तो उस कर को जिस व्यक्ति पर लगाया जाता है वही उठाता है
अर्थात कर को चुकाना होता है, इस कर को अन्य व्यक्ति को हस्तानतरन नहीं किया जाता है, इसलिए इस कर को प्रत्यक्ष कर कहते है,
आय कर एक प्रत्यक्ष कर से अभिप्राय यह है की जब कोई कर किसी व्यक्ति पर लगाया जाता है तो उस कर को जिस व्यक्ति पर लगाया जाता है वही उठाता है
अर्थात कर को चुकाना होता है, इस कर को अन्य व्यक्ति को हस्तानतरन नहीं किया जाता है, इसलिए इस कर को प्रत्यक्ष कर कहते है,
2.केंद्रीय कर है( central tax ) :-
आय कर को केंद्रीय कर भी कहा जाता है, क्योंकि
यह कर केंद्रीय सरकार द्वारा लगाया जाता है,
आय कर को केंद्रीय कर भी कहा जाता है, क्योंकि
यह कर केंद्रीय सरकार द्वारा लगाया जाता है,
3.प्रचलित दरो के आधार पर गणना :-आय कर के दरो की गणना प्रत्येक वर्ष वित्त अधिनियम द्वारा संसोधित की जाती है, इन दरो के आधार पर सम्बंधित कर निर्धारण वर्ष मे आय कर की गणना की जाती है,
4.आय कर का भुकतान (payment of income tax ) :- आय कर का भुकतान प्रत्येक गत वर्ष से सम्बंधित कर निर्धारण वर्ष मे की जाता है,
जैसे - 31 मार्च 2019 तक का आय पर आय -कर का भुकतान सम्बंधित कर निर्धारण वर्ष 2019-2020 मे किया जाता है,
जैसे - 31 मार्च 2019 तक का आय पर आय -कर का भुकतान सम्बंधित कर निर्धारण वर्ष 2019-2020 मे किया जाता है,
5.आय कर का वसूला ( Realized of income tax ) :-
आय कर का वसूला प्रत्येक गत वर्ष से सम्बंधित कर निर्धारण वर्ष मे की जाता है,.
जैसे - 31 मार्च 2019 तक का आय पर आय -कर का वसूला सम्बंधित कर निर्धारण वर्ष 2019-2020 मे किया जाता है,
आय कर का वसूला प्रत्येक गत वर्ष से सम्बंधित कर निर्धारण वर्ष मे की जाता है,.
जैसे - 31 मार्च 2019 तक का आय पर आय -कर का वसूला सम्बंधित कर निर्धारण वर्ष 2019-2020 मे किया जाता है,
आय कर पर अधिभार ( surcharge on income tax) :-
आय -कर पर अधिभार से अभिप्राय यह है की किस व्यक्ति को कितना आय (income ) पर कितना कर (tax) देना होगा,
जब किसी एक व्यक्ति करदाता की कर योग्य आय ₹50 लाख से अधिक है, किन्तु ₹1 करोड़ से अधिक नहीं है तो कर की रकम 10% की दर से अधिभार लगाया जायेगा,
यदि कर योग्य आय ₹1 करोड़ से अधिक है तो कर की रकम 15% की दर से अधिभार लगाया जायेगा,
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